हाईकोर्ट सख्त: सड़कों किनारे कबाड़ वाहन डंप करने पर सरकार से मांगा जवाब
- By Gaurav --
- Friday, 03 Jul, 2026
High Court Seeks Reply Over Dumping
शिमला: हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने सड़कों के किनारे दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को डंप किए जाने और इससे लगने वाले ट्रैफिक जाम पर कड़ा रुख अपनाया है। मुख्य न्यायाधीश गुरमीत सिंह संधावालिया और न्यायाधीश बिपिन चंद्र नेगी की खंडपीठ ने जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए राज्य सरकार को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।
सुनवाई के दौरान अदालत को बताया गया कि पुलिस विभाग दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को नेशनल हाईवे से एयरपोर्ट की ओर जाने वाली सड़क के किनारे डंप कर रहा है। करीब 500 मीटर लंबे हिस्से में सड़क के दोनों ओर कबाड़ वाहनों की कतारें लगी हुई हैं, जिससे यातायात प्रभावित हो रहा है और दुर्घटना का खतरा भी बढ़ गया है।
हाईकोर्ट ने यह भी कहा कि एयरपोर्ट को जाने वाली मुख्य सड़क की हालत बेहद खराब है और इसकी तत्काल मरम्मत की आवश्यकता है। अदालत को यह भी बताया गया कि शिमला के चक्कर स्थित जिला अदालत के पास भी सड़क किनारे बड़ी संख्या में दुर्घटनाग्रस्त वाहन खड़े हैं, जिससे आम लोगों और वकीलों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
खंडपीठ ने स्पष्ट किया कि नेशनल हाईवे या उसके सड़क अधिकार क्षेत्र का उपयोग कबाड़ वाहनों को खड़ा करने के लिए नहीं किया जा सकता। अदालत ने पुलिस विभाग को निर्देश दिया कि वह ऐसे वाहनों के लिए सड़क से दूर किसी वैकल्पिक और चिन्हित डंपिंग स्थल की व्यवस्था करे।
मामले की गंभीरता को देखते हुए हाईकोर्ट ने गृह सचिव, शिमला के पुलिस अधीक्षक और शिमला सर्कल के अधीक्षण अभियंता को पक्षकार बनाते हुए अगली सुनवाई से पहले विस्तृत हलफनामा दाखिल करने के निर्देश दिए हैं। मामले की अगली सुनवाई 3 अगस्त 2026 को होगी।